19 Sep 2026, 06:38 PM

ताहिर हुसैन समेत 5 दोषियों को उम्रकैद, अंकित शर्मा मर्डर केस में कड़कड़डूमा कोर्ट का बड़ा फैसला
नई दिल्ली: फरवरी 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के दौरान IB अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के बहुचर्चित मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन समेत पांच दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। शुक्रवार (31 जुलाई) को सजा सुनाते हुए अदालत ने कहा कि यह एक बेहद गंभीर और समाज को झकझोर देने वाला अपराध था।
सजा सुनाने से पहले अदालत ने कहा कि अंकित शर्मा की अत्यंत क्रूर तरीके से हत्या की गई और उनके शव के साथ भी अमानवीय व्यवहार किया गया। कोर्ट के अनुसार, अपराध को अंजाम देने का तरीका बेहद निर्मम था और इस घटना ने पूरे समाज को सोचने पर मजबूर कर दिया।
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि हमले के बाद भी दोषियों ने अंकित शर्मा के शव को घसीटकर चांद बाग स्थित नाले में फेंक दिया। कोर्ट ने इसे बेहद भयावह और क्रूर घटना बताया।
इस मामले में दिल्ली पुलिस और पीड़ित परिवार ने सभी दोषियों के लिए फांसी की सजा की मांग की थी। पुलिस ने इसे ‘रेयरेस्ट ऑफ रेयर’ श्रेणी का मामला बताते हुए कहा था कि अंकित शर्मा के शरीर पर कुल 51 चोटों के निशान मिले थे, जिनमें सात घाव घातक थे। इनमें 16 चोटें धारदार हथियार से की गई थीं पुलिस का यह भी कहना था कि मौत के बाद भी शव के साथ बर्बरता की गई।
इससे पहले 13 जुलाई 2026 को कोर्ट ने ताहिर हुसैन, नजीम, कासिम, अनस और जावेद को हत्या के मामले में दोषी करार दिया था।
वहीं, ताहिर हुसैन के वकील ने मौत की सजा की मांग का विरोध करते हुए अदालत में दलील दी कि उनके मुवक्किल ने स्वयं पुलिस को फोन किया था। बचाव पक्ष ने यह भी कहा कि केवल शरीर पर मौजूद घावों की संख्या के आधार पर मौत की सजा नहीं दी जानी चाहिए।
अब कड़कड़डूमा कोर्ट के इस फैसले के साथ 2020 दिल्ली दंगों के सबसे चर्चित मामलों में से एक में दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई जा चुकी है।



